Login
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
पà¥à¤°à¤¸à¤µ के दौरान अधिक मातà¥à¤°à¤¾ में कैलोरी खरà¥à¤š होती है इसलिठडिलीवरी के बाद महिलाओं को कà¥à¤› à¤à¤¸à¤¾ खाने की जरूरत होती है जिससे उनà¥â€à¤¹à¥‡à¤‚ ताकत मिले। डिलीवरी के तà¥à¤°à¤‚त बाद कà¥â€à¤¯à¤¾ खाना चाहिà¤, आइठजानते हैं।
​चिकन सूप
डिलीवरी के दौरान महिलाओं के नस के जरिठफà¥à¤²à¥‚इड दिठजा सकते हैं। वहीं, सà¥â€à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ करवाने वाली महिलाओं को अनà¥â€à¤¯ महिलाओं की तà¥à¤²à¤¨à¤¾ में à¤à¤• लीटर पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¦à¤¿à¤¨ फà¥à¤²à¥‚इड अधिक चाहिठहोता है। डिलीवरी के बाद चिकन सूप लेना बेहतर रहता है। ये शरीर में इलेकà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤²à¤¾à¤‡à¤Ÿà¥à¤¸ की पूरà¥à¤¤à¤¿ करता है। वहीं चिकन सूप से शरीर में गरमाई à¤à¥€ रहती है।
​हलà¥â€à¤¦à¥€ का दूध और घी
घी बहà¥à¤¤ पौषà¥à¤Ÿà¤¿à¤• होता है और इसमें उचà¥â€à¤š मातà¥à¤°à¤¾ में कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® à¤à¤µà¤‚ कैलोरी होती है। नई मांओं खासतौर पर सà¥â€à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ करवाने वाली महिलाओं को अधिक मातà¥à¤°à¤¾ में कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® की जरूरत होती है।
डिलीवरी के बाद à¤à¤• गिलास दूध में आधा चमà¥â€à¤®à¤š हलà¥â€à¤¦à¥€ डालकर पिà¤à¤‚। हलà¥â€à¤¦à¥€ à¤à¤‚टी इंफलामेटà¥à¤°à¥€ होती है और शरीर के घावों को à¤à¤°à¤¨à¥‡ में मदद करती है जबकि दूध कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® और पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ से à¤à¤°à¤ªà¥‚र होता है।
​खजूर
à¤à¤• छोटे से अधà¥â€à¤¯à¤¯à¤¨ में पाया गया था कि डिलीवरी के तà¥à¤°à¤‚त बाद खजूर खाने से खून कम निकलता है। इसका मतलब है कि रकà¥â€à¤¤à¤¸à¥à¤°à¤¾à¤µ कम होता है। वहीं खजूर सिंपल शà¥à¤—र का बेहतरीन सà¥à¤°à¥‹à¤¤ माने जाते हैं जिससे डिलीवरी के बाद शरीर को तà¥à¤°à¤‚त à¤à¤¨à¤°à¥à¤œà¥€ मिलती है। इसमें कैलोरी और कारà¥à¤¬à¥‹à¤¹à¤¾à¤‡à¤¡à¥à¤°à¥‡à¤Ÿ à¤à¥€ होता है।
​फलों के साथ ओटमील
डिलीवरी के बाद पहली बार पॉटी करने पर खून आना सामानà¥â€à¤¯ बात है। वहीं पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी हारà¥à¤®à¥‹à¤‚स की वजह से डिलीवरी के बाद कबà¥â€à¤œ होना à¤à¥€ à¤à¤• आम समसà¥â€à¤¯à¤¾ है। वहीं अगर आपका सिजेरियन ऑपरेशन हà¥à¤† है तो हो सकता है कि कà¥à¤› घंटे तक आपको पॉटी न आà¤, कà¥â€à¤¯à¥‹à¤‚कि इसमें पाचन तंतà¥à¤° थोड़ा धीमा हो जाता है।
डिलीवरी के बाद कबà¥â€à¤œ दूर करने या पाचन को दà¥à¤°à¥à¤¸à¥â€à¤¤ करने के लिठफाइबर यà¥à¤•à¥â€à¤¤ आहार की जरूरत होती है। ओटस फाइबर से à¤à¤°à¤ªà¥‚र होते हैं। पोषक ततà¥â€à¤µà¥‹à¤‚ की मातà¥à¤°à¤¾ बढ़ाने के लिठआप इसमें फल या सूखे मेवे à¤à¥€ डाल सकती हैं।
इसके अलावा ओटमील से सà¥â€à¤¤à¤¨à¥‹à¤‚ में दूध की आपूरà¥à¤¤à¤¿ में à¤à¥€ इजाफा होता है। इसमें कारà¥à¤¬à¥‹à¤¹à¤¾à¤‡à¤¡à¥à¤°à¥‡à¤Ÿ, आयरन और कैलोरी होती है जो कि इसे दूध के उतà¥â€à¤ªà¤¾à¤¦à¤¨ में सहायक बनाती है।
​अंडा
अंडा पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ का बेहतरीन सà¥à¤°à¥‹à¤¤ माना जाता है और इससे मांसपेशियों में दरà¥à¤¦ से आराम मिलता है। डिलीवरी के बाद मांसपेशियों में बहà¥à¤¤ दरà¥à¤¦ होता है। पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के बाद ओमेगा 3 फैटी à¤à¤¸à¤¿à¤¡ की कमी के कारण पोसà¥â€à¤Ÿà¤ªà¤¾à¤°à¥à¤Ÿà¤® डिपà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤¨ हो सकता है और रिसरà¥à¤š में à¤à¥€ इन दोनों के बीच संबंध पाया गया है। अंडे में ओमेगा 3 फैटी à¤à¤¸à¤¿à¤¡ होता है जो पोसà¥â€à¤Ÿà¤ªà¤¾à¤°à¥à¤Ÿà¤® डिपà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤¨ के खतरे को कम कर सकता है।
​हरी पतà¥à¤¤à¥‡à¤¦à¤¾à¤° सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤¾à¤‚
बà¥à¤°à¥‹à¤•ली, पालक और केल कई तरह के पोषक ततà¥â€à¤µà¥‹à¤‚ से à¤à¤°à¤ªà¥‚र होती है। ये पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के बाद वजन घटाने में à¤à¥€ मदद करती हैं। इनमें कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® और आयरन होता है जो कि डिलीवरी के बाद बà¥à¤°à¥‡à¤¸à¥â€à¤Ÿ मिलà¥â€à¤• बनाने में मदद करते हैं। इन सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में कई तरह के विटामिन और खनिज पदारà¥à¤¥ à¤à¥€ होते हैं।
| --------------------------- | --------------------------- |